LIC chairman will soon meet top management of Adani group, seek clarification on business crisis| LIC के चेयरमैन जल्द अडाणी समूह के शीर्ष प्रबंधन से मिलेंगे, कारोबार से जुड़े संकट को लेकर सफाई मांगेंग


जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के चेयरमैन एम आर कुमार ने बृहस्पतिवार को कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र की बीमा कंपनी के अधिकारी अडाणी समूह के शीर्ष प्रबंधन के साथ बैठक करेंगे और विभिन्न कारोबार से जुड़े समूह में संकट को लेकर स्पष्टीकरण मांगेंगे। अडाणी समूह में एलआईसी (जीवन बीमा निगम) के निवेश को लेकर विपक्षी दलों के साथ-साथ निवेशक आलोचना कर रहे हैं। अमेरिकी वित्तीय शोध और निवेश कंपनी हिंडनबर्ग की रिपोर्ट के बाद समूह की कंपनियों के शेयरों में गिरावट जारी है। रिपोर्ट में अडाणी समूह पर बाजार में कथित गड़बड़ी करने और लेखा धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया है। हालांकि, अडाणी समूह ने इसे सिरे से खारिज करते हुए कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
बैठक की समयसीमा नहीं बताई गई
एलआईसी के चेयरमैन ने वित्तीय परिणाम की घोषणा के समय संवाददाताओं से कहा, हालांकि, हमारी निवेशकों की टीम पहले ही अडाणी समूह ने स्पष्टीकरण मांग चुकी है, हमारा शीर्ष प्रबंधन उनसे इस मामले में संपर्क करेगा। हम अभी वित्तीय परिणाम को लेकर व्यस्त थे। हम जल्दी ही उनसे मिलेंगे और उनसे स्पष्टीकरण मांगेगे। हम समझना चाहते हैं कि बाजार और समूह के साथ क्या हो रहा है। हालांकि, कुमार ने एलआईसी और अडाणी समूह के बीच बैठक को लेकर कोई समयसीमा नहीं बतायी।
‘फ्री फ्लोट’ स्थिति की जांच होगी
अडाणी समूह की कंपनियों के लिये बृहस्पतिवार को नई समस्या सामने आई। वित्तीय सूचकांक प्रदान करने वाली एमएससीआई ने कहा कि वह समूह की कंपनियों की कुछ प्रतिभूतियों को ‘फ्री फ्लोट’ का दर्जा देने की समीक्षा कर रही है। एमएससीआई (मोर्गन स्टेनले कैपिटल इंटरनेशनल) के अनुसार ‘फ्री फ्लोट’ का मतलब है बाजार में सभी हिस्सेदारों के पास उपलब्ध शेयर के अनुपात में कितने शेयर बाजार में वैश्विक निवेशकों की खरीद के लिये उपलब्ध हैं। सूचकांक प्रदान करने वाली कंपनी ने एक बयान में कहा कि उसे ‘एमएससीआई ग्लोबल इन्वेस्टेबल मार्केट इंडेक्स’ के लिये अडानी समूह से जुड़ी विशिष्ट प्रतिभूतियों की पात्रता और ‘फ्री फ्लोट’ निर्धारण के संबंध में कई बाजार प्रतिभागियों से प्रतिक्रिया मिली है।
टोटल गैस का मुनाफा 13 प्रतिशत बढ़ा
अडाणी समूह और फ्रांस की टोटलएनर्जीज के संयुक्त उद्यम अडाणी टोटल गैस का दिसंबर में समाप्त तिमाही का शुद्ध लाभ 13 प्रतिशत बढ़कर 148 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। यह कंपनी वाहनों के लिए सीएनजी और घरों में पाइप वाली रसोई गैस (पीएनजी) की आपूर्ति करती है। बिक्री बढ़ने से कंपनी का मुनाफा बढ़ा है। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी ने 132 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया था।
समूह की ज्यादातर कंपनियां के शेयर टूटे
अडाणी समूह की ज्यादातर कंपनियों के शेयर बृहस्पतिवार को शुरुआती कारोबार में घाटे में नजर आए। समूह की प्रमुख कंपनी अडाणी एंटरप्राइजेज के शेयर 20 प्रतिशत गिए गए। अडाणी समूह की लगभग नौ कंपनियां लाल निशान में कारोबार कर रही थीं, जबकि एक कंपनी हरे निशान पर कारोबार कर रही थी। अडाणी एंटरप्राइजेज के शेयर 20 प्रतिशत की गिरावटर के साथ 1,834.90 रुपये प्रति शेयर पर थे, जो बीएसई पर उसका निचला स्तर है। कंपनी का बाजार पूंजीकरण शुरुआती कारोबार में घटकर 2.38 लाख करोड़ रुपये रह गया।
नॉर्वे वेल्थ फंड ने बेचे सारे शेयर
अडाणी ग्रुप की कंपनियों के शेयरों को एक और बड़ा झटका लगा है। दुनिया के बड़े स्टॉक इनवेस्टर नॉर्वे वेल्थ फंड ने अडानी ग्रुप की अलग-अलग कंपनियों में अपना सारा इक्विटी निवेश बेच दिए हैं। अब इस ग्रुप में उसका कोई एक्सपोजर बाकी नहीं बचा है। 1.35 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर निवेश वाले नॉर्वे के इस सॉवरेन वेल्थ फंड ने 2022 के अंत तक अडानी समूह की तीन कंपनियों में कुल मिलाकर करीब 200 मिलियन डॉलर का निवेश किया हुआ था।